सोमवार, 30 जून 2014

एक प्रार्थना पत्र



सेवा में ,
प्रिंसिपल जी ,
चौधरी सकूल ,
रोहतक, 
हरियाणा
माननीय ,
बात नूँ सै के अब
सकूल में म्हारा जी कोनी लागदा और रात नै निंद भी कौनी आंदी.
दरसल सकूल में छौरियां की घणी कमी सै और म्हारी किलास में तो कती कोन्या.ओर बाकि की बची औड इतनी भूण्डी सकल की सै के देखण का भी जी ना करदा
और नखरे सुसडीयाँ के आसमान तै भी उच्चे सै .
मैडम भी कोई घणी आइटम कोन्या, हो सके तो दो चार सुथरी सी मैडम ही राख दो .
आपका भौत भौत धन्यवाद
आपका आज्ञाकारी
नाम - बावला समझा है के
                                   ------------गजेन्द्र  शर्मा 

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