बुधवार, 3 सितंबर 2014

नास्तिक के विरुद्ध

एक नास्तिक तमाम तरह के आस्तिकों के बीच रह सकता है लेकिन एक नास्तिक को किसी धर्म के आस्तिक बरदाश्त नहीं कर सकते हैं. भले ही ये आस्तिक लोग आपस में तलवारें भांजते रहते हों लेकिन एक नास्तिक के विरुद्ध सारे बैर भाव भूलकर एक जुट हो जाते हैं . इनका सारा जोर इस बात पर रहता है कि नास्तिक आदमी इस या उस रंग की आस्था स्वीकार कर ले जब तक वो ऐसा नहीं करता है वो उनका सबसे बड़ा दुश्मन है .

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