गुरुवार, 15 फ़रवरी 2018

शहीद मुजाहिद खान



शहीदों के जनाजे में वो अक्सर ही नहीं जाते
जरुरत हो तो वन्दे मातरम गाने नहीं आते |
गली कूचे में 'पाकिस्तान मुर्दाबाद' कहते हैं
कभी सरहद पे अपनी जान वो देने नहीं जाते |


नाजायज फ़ौज रखते हैं, करें बिन बात का दंगा
नहीं शर्म ओ हया कोई, ना है इनसे बड़ा नंगा |
कभी मंदिर के नाम पर, कभी गंगा के नाम पर
किये जाते हैं कारोबार, खा जाते हैं ये चन्दा |

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