शुक्रवार, 28 अप्रैल 2017

'जुमले फेंक रहा जादूगर, नाच जमूरे था था थैया'

'जुमले फेंक रहा जादूगर, नाच जमूरे था था थैया' 


काम के घन्टें दो बढ़ते हैं,मजदूरी का एक रुपैया.
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.


चोर डाँटता कोतवाल को,थाने में पिट रहे सिपैया 
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.


संस्कारी जासूस देख लो, देशभक्ति के गीत गवैया  
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.


ऊँची बिल्डिंग खड़ी शान से, बुलडोजर से ढही मडैया
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.

गौभक्तों से पीछे रह गए, महोबा वाले खूब लड़ैया
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.

रोहित लटक गया फांसी पर दिल्ली में पिट गया कन्हैया 

अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.

ना नजीब का पता चला कुछ, रजधानी में रोती मैया 
अच्छे दिन आये हैं भैया, अच्छे दिन आये हैं भैया.


जुमले फेंक रहा जादूगर, नाच जमूरे था था थैया 
अच्छे दिन आये हैं भैया,अच्छे दिन आये हैं भैया.